उन्नाव जंक्शन पर कार्रवाई की गूंज : एक और अफसर निलंबित, कई पर गिरी गाज
सैय्यद फैज़ान शीबू रहमान
Thu, Apr 2, 2026
निरीक्षण में खुली लापरवाही की परतें, जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त उठाए जा रहे कदम
उन्नाव। रेलवे की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने के बाद उन्नाव जंक्शन पर कार्रवाई का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। दो स्टेशन अधीक्षकों के निलंबन के बाद अब वाणिज्य निरीक्षक पर भी गाज गिर गई है। इसके साथ ही ट्रैक और तकनीकी व्यवस्थाओं में खामियां मिलने पर अन्य अधिकारियों के खिलाफ भी कार्रवाई शुरू कर दी गई है। मामला 28 मार्च का है, जब उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल के डीआरएम सुनील कुमार वर्मा ने उन्नाव जंक्शन का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान स्टेशन की व्यवस्थाओं की हकीकत सामने आ गई। सबसे पहले तो जिम्मेदारी संभालने में ही लापरवाही दिखी। पुराने स्टेशन अधीक्षक त्रिभुवन जोशी को पहले ही स्थानांतरित किया जा चुका था, जबकि नए अधीक्षक यूके सिंह को चार्ज लेना था। लेकिन निरीक्षण वाले दिन न तो किसी ने चार्ज दिया और न ही लिया। दोनों अधिकारी मौके से नदारद मिले। इस लापरवाही को गंभीर मानते हुए डीआरएम ने दोनों स्टेशन अधीक्षकों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। जांच आगे बढ़ी तो स्टेशन की अन्य व्यवस्थाओं में भी खामियां सामने आने लगीं। पूछताछ काउंटर और उससे जुड़े रजिस्टरों में गड़बड़ी मिलने पर वाणिज्य निरीक्षक अरुण कुमार को भी सस्पेंड कर दिया गया। वहीं, रेलवे ट्रैक के रखरखाव में कमी पाए जाने पर स्थायी रेल पथ निरीक्षक रमेश कुमार मीणा से स्पष्टीकरण मांगा गया है। तकनीकी विभाग भी इस कार्रवाई से अछूता नहीं रहा। टेलीकॉम से जुड़े कार्यों में शिकायत और कमी मिलने पर सीनियर सेक्शन इंजीनियर सचिन के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की संस्तुति की गई है। रेलवे विभाग के बड़े बाबू सुशील जायसवाल ने वाणिज्य निरीक्षक के निलंबन की पुष्टि की है। हालांकि अन्य अधिकारियों पर हुई कार्रवाई को लेकर उन्होंने विस्तृत जानकारी होने से इनकार किया। कुल मिलाकर, एक ही निरीक्षण में उन्नाव जंक्शन की कई परतें खुल गईं। अब देखना यह होगा कि यह कार्रवाई सिर्फ कागजों तक सीमित रहती है या जमीनी स्तर पर भी व्यवस्थाओं में सुधार नजर आता है।
Tags :
Unnao, THE LUCKNOW TIMES, uttar Pradesh news
विज्ञापन
विज्ञापन
जरूरी खबरें
विज्ञापन