ऑडिट रिपोर्ट से पहले राहत : पंचायत सचिवों से 1.18 करोड़ की वसूली रुकी
Fri, Jan 9, 2026
उन्नाव। ग्राम पंचायतों के ऑडिट से जुड़े एक अहम मामले में सचिवों को फिलहाल राहत मिली है। ऑडिट के लिए अभिलेख उपलब्ध न कराने पर 11 पंचायत सचिवों से 1.18 करोड़ रुपये की वसूली के आदेश पर अस्थायी रोक लगा दी गई है। जिला पंचायत राज अधिकारी ने सचिवों द्वारा अभिलेख सौंपे जाने का दावा करते हुए मामले की दोबारा जांच के लिए जिला लेखा परीक्षा अधिकारी को सूचना भेजी है। दरअसल, जिले की विभिन्न ग्राम पंचायतों में तैनात 11 ग्राम पंचायत विकास अधिकारियों पर आरोप है कि उन्होंने करीब सात वर्ष पूर्व कराए गए विकास कार्यों से संबंधित मूल अभिलेख ऑडिट के लिए उपलब्ध नहीं कराए। जिला लेखा परीक्षा अधिकारी सहकारी समितियां एवं पंचायत की ओर से कई बार पत्र और रिमाइंडर भेजे गए, इसके बावजूद आवश्यक दस्तावेज नहीं दिए गए। अभिलेखों के अभाव में करीब 1.18 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का ऑडिट लंबित रह गया। इस स्थिति को गंभीर मानते हुए प्रशासन ने संबंधित सचिवों के वेतन से 1.18 करोड़ रुपये की रिकवरी के आदेश जारी कर दिए थे। आदेश के अनुपालन के लिए खंड विकास अधिकारियों को भी पत्र भेजा गया था। हालांकि, बृहस्पतिवार को पूरे मामले में नया मोड़ तब आया, जब जिला विकास अधिकारी देव कुमार चतुर्वेदी ने जिला पंचायत राज अधिकारी को पत्र लिखकर रिकवरी की प्रक्रिया पर रोक लगाने का निर्देश दिया। डीपीआरओ आलोक सिन्हा के अनुसार, पत्र में यह उल्लेख किया गया है कि पंचायत सचिवों की ओर से अब ऑडिट से जुड़े अभिलेख उपलब्ध करा दिए गए हैं। इसी आधार पर मामले को परीक्षण के लिए जिला लेखा परीक्षा अधिकारी को भेजा जा रहा है। जब तक अभिलेखों की जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक सचिवों के वेतन से किसी भी तरह की वसूली नहीं की जाएगी।अब प्रशासन की नजर जिला लेखा परीक्षा अधिकारी की रिपोर्ट पर टिकी है। अभिलेखों की पुष्टि के बाद ही यह तय होगा कि वसूली का आदेश बहाल होगा या सचिवों को स्थायी राहत मिलेगी।
आईजीआरएस रैंकिंग : उन्नाव जिला और सभी 21 थाने भी प्रदेश में बने अव्वल
Thu, Jan 8, 2026
फरियादियों की संतुष्टि बनी रैंकिंग की बड़ी वजह
उन्नाव। यूपी सरकार की एकीकृत शिकायत निवारण प्रणाली यानी आईजीआरएस जनसुनवाई पोर्टल पर दिसंबर 2025 की महीनेवार रैंकिंग जारी की गई है। इसमें जनपद ने पूरे प्रदेश में पहला स्थान हासिल किया है। यह कामयाबी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जय प्रकाश सिंह के बेहतर नेतृत्व और लगातार निगरानी का नतीजा मानी जा रही है। आईजीआरएस पोर्टल पर आम लोगों की जो भी शिकायतें दर्ज हुईं, उनका समय पर और सही तरीके से निपटारा किया गया। इसी वजह से उन्नाव पुलिस का प्रदर्शन बाकी जिलों से बेहतर रहा। खास बात यह है कि सिर्फ जिला स्तर पर ही नहीं, बल्कि जनपद के सभी 21 थानों ने भी प्रदेश में पहला स्थान पाया है। थानों पर आने वाली शिकायतों को गंभीरता से सुना गया, फरियादियों से सीधे बात की गई और उनकी समस्या का हल तय समय में किया गया। शिकायत निपटने के बाद लोगों से फीडबैक भी लिया गया, ताकि यह देखा जा सके कि वे संतुष्ट हैं या नहीं। इसी वजह से उन्नाव की रैंकिंग सबसे ऊपर रही। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि यह सफलता किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि पूरी टीम की मेहनत का नतीजा है। आम जनता की परेशानी को अपनी जिम्मेदारी समझकर काम किया गया, तभी यह मुकाम हासिल हो सका। आईजीआरएस रैंकिंग में पहला स्थान मिलने से उन्नाव पुलिस की छवि मजबूत हुई है। साथ ही यह संदेश भी गया है कि अगर काम सही नीयत और ईमानदारी से किया जाए, तो जनता का भरोसा जीता जा सकता है।
पेयजल संकट से मिलेगी राहत : विधायक पंकज गुप्ता ने कराया बोरिंग कार्य का शुभारंभ
Thu, Jan 8, 2026
एक टैंकर के सहारे गुजर रहा था जीवन, अब मिलेगी नियमित जलापूर्ति
उन्नाव। शहर की ईदगाह पत्थर कटा कॉलोनी में लंबे समय से चली आ रही पेयजल समस्या अब जल्द ही दूर होने वाली है। कॉलोनीवासियों की शिकायत पर संज्ञान लेते हुए सदर विधायक पंकज गुप्ता ने गुरुवार को क्षेत्र में बोरिंग कार्य का शुभारंभ कराया। इसके साथ ही एक हजार लीटर क्षमता की पानी की टंकी भी स्थापित कराई जा रही है, जिससे कॉलोनी के लोगों को नियमित और स्थायी जलापूर्ति सुनिश्चित हो सकेगी। बताया गया कि ईदगाह पत्थर कटा कॉलोनी में करीब 300 परिवार निवास करते हैं। अब तक इन परिवारों की पानी की जरूरत केवल एक टैंकर के सहारे पूरी हो रही थी। सीमित आपूर्ति के कारण आए दिन लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता था। खासकर महिलाओं और बुजुर्गों को अधिक दिक्कतें झेलनी पड़ रही थीं। गर्मी के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो जाती थी, जब पानी के लिए लंबा इंतजार करना पड़ता था। स्थानीय निवासियों की समस्या सामने आते ही सदर विधायक पंकज गुप्ता ने बिना किसी देरी के अपनी निधि से बोरिंग कराने का निर्णय लिया। बोरिंग कार्य के शुभारंभ के अवसर पर उन्होंने विधिवत पूजा-अर्चना भी की। इस मौके पर विधायक ने कहा कि पानी जैसी मूलभूत सुविधा हर नागरिक का अधिकार है। इसके लिए किसी को परेशान न होना पड़े, यह जनप्रतिनिधि की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि कॉलोनी में बोरिंग और पानी की टंकी की व्यवस्था कराकर स्थायी समाधान की दिशा में कदम उठाया गया है, ताकि लोगों को लंबे समय तक राहत मिल सके। कार्यक्रम के दौरान कॉलोनीवासियों में खासा उत्साह देखने को मिला। स्थानीय लोगों ने विधायक का फूल-मालाओं से स्वागत किया और लंबे समय से चली आ रही समस्या के समाधान के लिए उनका आभार जताया। लोगों का कहना था कि बोरिंग और टंकी लग जाने से अब उन्हें टैंकर पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा और रोजमर्रा की जरूरतों के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध हो सकेगा।इस अवसर पर भाजपा नगर मंडल अध्यक्ष अवनीश गुप्ता सहित कई पार्टी पदाधिकारी और क्षेत्र के गणमान्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम में प्रदीप सिंह, पवन सिंह, सोनू श्रीवास्तव, सुनील अवस्थी, सलमान, पंकज तिवारी, सुनील पाल, राजेश विमल, शमशेर अहमद, मोहम्मद रफीक, जाहिद, मनोज, चंदा पाल, मैकू और देशराज प्रमुख रूप से शामिल रहे। बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों की मौजूदगी ने कार्यक्रम को खास बना दिया।कॉलोनीवासियों ने उम्मीद जताई कि इस पहल से क्षेत्र में जीवन की गुणवत्ता बेहतर होगी और भविष्य में भी इस तरह की मूलभूत समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा।