DICCI कार्यक्रम में टिप्पणी पर बवाल : दलित उद्यमियों ने जताई नाराजगी
Tue, May 12, 2026
“नीची जाति” शब्द के इस्तेमाल का आरोप, जांच और कार्रवाई की उठी मांग
उन्नाव। अनुसूचित जाति और जनजाति वर्ग के उद्यमियों को सरकारी योजनाओं और कारोबार से जोड़ने के उद्देश्य से आयोजित डिक्की एवं एससी/एसटी हब के जागरूकता कार्यक्रम में मंगलवार को विवाद खड़ा हो गया। कार्यक्रम के दौरान एक महिला प्रतिनिधि की कथित टिप्पणी पर कुछ प्रतिभागियों ने आपत्ति जताई, जिसके बाद मौके पर बहस और नाराजगी का माहौल बन गया। यह कार्यक्रम जिले के नए और मौजूदा दलित उद्यमियों को स्वरोजगार, सरकारी सहायता, ऋण योजनाओं और उद्योग से जुड़े अवसरों की जानकारी देने के लिए आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भी हिस्सा लिया। हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड और पावरग्रिड के अधिकारियों ने प्रस्तुतीकरण के जरिए उद्यमिता और सरकारी सहयोग योजनाओं की जानकारी साझा की। कार्यक्रम के दौरान डिक्की की एक महिला प्रतिनिधि मीडिया से बातचीत कर रही थीं। इसी बीच वहां मौजूद हितेश कुमार नाम के युवक ने उनकी एक टिप्पणी पर आपत्ति जता दी। युवक का आरोप है कि बातचीत के दौरान महिला प्रतिनिधि ने कथित रूप से “नीची जाति” शब्द का इस्तेमाल किया, जिसे लेकर वहां मौजूद लोगों में नाराजगी फैल गई। हितेश कुमार ने कहा कि कार्यक्रम में दलित समाज के लोग सरकार की योजनाओं और व्यापारिक अवसरों की जानकारी लेने पहुंचे थे, लेकिन वहां ऐसी भाषा का इस्तेमाल किया गया जिससे समाज की भावनाएं आहत हुई हैं। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर संबंधित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। विवाद बढ़ने के बाद कार्यक्रम स्थल पर कुछ देर तक तीखी बहस होती रही। कुछ प्रतिभागियों ने इसे असंवेदनशील भाषा बताया, जबकि आयोजकों की ओर से माहौल शांत कराने का प्रयास किया गया। हालांकि, कार्यक्रम बाद में सामान्य रूप से जारी रहा। बताया जा रहा है कि मामले को लेकर अब सामाजिक संगठनों और प्रतिभागियों के बीच चर्चा तेज हो गई है। फिलहाल किसी पक्ष की ओर से पुलिस में औपचारिक शिकायत दिए जाने की पुष्टि नहीं हुई है। वहीं, आयोजकों की तरफ से भी इस विवाद पर आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
निरीक्षण : पानी की गुणवत्ता को लेकर प्रशासन सतर्क, डीएम ने किया वाटर प्लांट का दौरा
Tue, May 12, 2026
अमृत योजना के तहत संचालित 80 एमएलडी प्लांट की मशीनों और सप्लाई व्यवस्था का लिया जायजा
उन्नाव। शहर के लोगों को साफ और सुरक्षित पेयजल मिले, इसे लेकर प्रशासन अब ज्यादा सख्त नजर आ रहा है। मंगलवार को जिलाधिकारी घनश्याम मीणा ने देवारा कला स्थित 80 एमएलडी क्षमता वाले वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का निरीक्षण किया। यह प्लांट अमृत योजना के तहत संचालित हो रहा है और शहर की बड़ी आबादी को पानी की सप्लाई यहीं से की जाती है।निरीक्षण के दौरान डीएम ने प्लांट में पानी साफ करने की पूरी प्रक्रिया को करीब से देखा। उन्होंने मशीनों की कार्यस्थिति, फिल्ट्रेशन सिस्टम, पानी की गुणवत्ता जांच और सप्लाई व्यवस्था की जानकारी अधिकारियों से ली। बिजली व्यवस्था और प्लांट के रखरखाव को लेकर भी विस्तार से चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पेयजल की गुणवत्ता की नियमित जांच हर हाल में सुनिश्चित की जाए। उन्होंने खास तौर पर पानी के पीएच मान, आर्सेनिक, बीओडी, सीओडी समेत अन्य माइक्रो केमिकल तत्वों की समय-समय पर टेस्टिंग कराने को कहा। डीएम ने साफ कहा कि शहरवासियों की सेहत से जुड़ा मामला होने के कारण किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि पानी में किसी तरह के हानिकारक तत्व या हैवी मेटल तय मानकों से अधिक नहीं होने चाहिए। इसके साथ ही प्लांट के संचालन में आधुनिक तकनीक के इस्तेमाल पर जोर देते हुए व्यवस्था को और मजबूत बनाने के निर्देश दिए गए।निरीक्षण के दौरान डीएम ने एक अनुभवी एजेंसी से विस्तृत परियोजना रिपोर्ट यानी डीपीआर तैयार कराने और उसे शासन को भेजने के लिए भी कहा। उनका कहना था कि भविष्य की जरूरतों को देखते हुए जलापूर्ति व्यवस्था को और बेहतर बनाना जरूरी है। वर्षा ऋतु को देखते हुए उन्होंने उच्च क्षमता वाले जनरेटर की व्यवस्था समय रहते सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि बारिश या बिजली कटौती की स्थिति में शहर की जलापूर्ति प्रभावित न हो। निरीक्षण के समय नगर पालिका परिषद उन्नाव के अधिशासी अधिकारी, संबंधित विभागों के अधिकारी और वाटर ट्रीटमेंट प्लांट के कर्मचारी मौजूद रहे।
पेड़ से लटका मिला मजदूर का शव : गांव में सनसनी
Sun, May 10, 2026
हरचंदपुर में सुबह खेतों की ओर जा रहे ग्रामीणों ने देखा शव, पुलिस कर रही जांच
उन्नाव। अजगैन थाना क्षेत्र के हरचंदपुर गांव में रविवार सुबह उस समय सनसनी फैल गई, जब गांव के बाहर एक जामुन के पेड़ से मजदूर का शव लटका मिला। खेतों की ओर जा रहे ग्रामीणों की नजर पेड़ पर पड़े शव पर पड़ी तो इलाके में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही गांव के लोग मौके पर जुट गए। बाद में पुलिस ने पहुंचकर शव को नीचे उतरवाया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक की पहचान हरचंदपुर निवासी विजय कुमार के रूप में हुई है। वह मेहनत-मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते थे। परिवार में उनका एक बेटा अंशू है। विजय की मौत की खबर मिलते ही घर में कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। ग्रामीणों के मुताबिक, रविवार सुबह करीब सात बजे कुछ लोग खेतों की तरफ जा रहे थे। इसी दौरान गांव के बाहर स्थित जामुन के पेड़ पर एक शव लटका दिखाई दिया। पास जाकर देखने पर मृतक की पहचान विजय कुमार के रूप में हुई। इसके बाद तुरंत पुलिस और परिवार को सूचना दी गई। घटना की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। गांव में पूरे दिन शोक और चर्चा का माहौल बना रहा। लोगों का कहना है कि विजय कुमार शांत स्वभाव के व्यक्ति थे और रोज मजदूरी कर परिवार चलाते थे। अचानक हुई इस घटना से गांव के लोग भी हैरान हैं।सूचना पर पहुंची अजगैन थाना पुलिस ने मौके की जांच की और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया। पुलिस आसपास के लोगों और परिवार के सदस्यों से पूछताछ कर रही है। प्रारंभिक जांच में मामला आत्महत्या का माना जा रहा है, लेकिन इसके पीछे की वजह अब तक साफ नहीं हो सकी है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के कारणों को लेकर स्थिति स्पष्ट हो पाएगी। फिलहाल सभी बिंदुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।