Fri 17 Apr 2026

ब्रेकिंग

पीएफ घोटाले का शिकार हुआ मजदूर, तीन साल बाद दर्ज हुआ केस

BDO भुता को सौंपा ज्ञापन,मांगे पूर्ण न होने पर सड़क पर उतरने को मजबूर होंगे

एक की मौत,कई घायल, मचा हड़कंप

धोखाधड़ी कर चावल गायब करने के आरोप में हुई गिरफ्तारी

परिजनों ने जताई हत्या की आशंका

सूचना

BREAKING NEWS

CRIME BREAKING

उन्नाव में साइबर ठगी का बड़ा खेल : रिटायर्ड पुलिसकर्मी समेत तीन के खातों से 5.45 लाख उड़ाए

सैय्यद फैज़ान शीबू रहमान

Thu, Feb 12, 2026
Post views : 110

एपीके लिंक और फर्जी मैसेज के जरिए वारदात, 2.50 लाख रुपये फ्रीज; पुलिस ने लोगों को किया अलर्ट

उन्नाव। साइबर अपराधियों का नेटवर्क लगातार सक्रिय होता दिख रहा है। बीते कुछ दिनों में ठगी के मामलों में तेजी आई है। साइबर ठगों ने एक बार फिर लोगों की लापरवाही का फायदा उठाते हुए तीन अलग-अलग मामलों में कुल 5 लाख 45 हजार 500 रुपये उड़ा दिए। पीड़ितों में एक सेवानिवृत्त पुलिसकर्मी भी शामिल हैं। तीनों मामलों में समान बात यह रही कि ठगों ने मोबाइल पर लिंक भेजकर जाल बिछाया और क्लिक करते ही बैंक खातों से रकम साफ कर दी। शिकायत के बाद साइबर थाने में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।

एपीके फाइल पर क्लिक करते ही 96 हजार पार

पहला मामला शहर के पीडी नगर मोहल्ले का है। यहां रहने वाले प्रमोद बाजपेई निजी कंपनी में काम करते हैं। उनके मोबाइल पर वाहन चालन से जुड़ी एक एपीके फाइल का लिंक आया। मैसेज देखकर उन्होंने उसे खोल लिया। कुछ ही देर बाद उनके खाते से 96 हजार रुपये कटने का एसएमएस आया। घबराए प्रमोद ने तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल कर शिकायत दर्ज कराई और लिखित तहरीर भी दी। पुलिस अब उस लिंक और ट्रांजेक्शन की जांच कर रही है।

आरटीओ चालान के नाम पर 79,500 की ठगी

दूसरी घटना सिंगरोसी गांव के अजय सिंह के साथ हुई। उनके व्हाट्सएप पर एक अनजान नंबर से आरटीओ चालान से जुड़ा एपीके लिंक भेजा गया। चालान समझकर उन्होंने लिंक डाउनलोड कर लिया। कुछ ही मिनटों में उनके खाते से 79 हजार 500 रुपये निकल गए। अजय ने भी ऑनलाइन शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस का कहना है कि ठग अक्सर ट्रैफिक चालान या केवाईसी अपडेट जैसे बहाने बनाकर लोगों को फंसाते हैं।

200 रुपये जीतने का लालच, पेंशन खाते से 3.70 लाख साफ

सबसे बड़ी ठगी दारोगाबाग मोहल्ले के सेवानिवृत्त पुलिसकर्मी जयराम के साथ हुई। उनकी पेंशन भारतीय स्टेट बैंक की शाहगंज शाखा में आती है। जयराम के मुताबिक उनका नाबालिग पौत्र आयुष अक्सर मोबाइल पर गेम खेलता है। इसी दौरान मोबाइल पर 200 रुपये जीतने और उसे निकालने का मैसेज आया। मैसेज पर क्लिक करने के बाद सामने वाले ने यूपीआई स्कैनर भेजने को कहा और फिर उसे डिलीट करने की बात कही। बच्चे ने वैसा ही किया और कुछ ही देर में खाते से 3 लाख 70 हजार रुपये निकल गए। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस सक्रिय हुई। कोतवाल चंद्रकांत मिश्रा ने बताया कि त्वरित कार्रवाई करते हुए 2 लाख 50 हजार रुपये होल्ड करा दिए गए हैं। बाकी रकम की ट्रेसिंग की जा रही है।

पुलिस की अपील: एपीके फाइल से रहें सावधान

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि एपीके फाइल या अनजान लिंक पर क्लिक करना बेहद खतरनाक हो सकता है। ऐसे लिंक मोबाइल में मैलवेयर इंस्टॉल कर देते हैं, जिससे ठग बैंकिंग जानकारी तक पहुंच बना लेते हैं। लोगों से अपील की गई है कि किसी भी अनजान नंबर से आए लिंक, एपीके फाइल या इनाम के मैसेज पर भरोसा न करें। अगर गलती से कोई संदिग्ध ट्रांजेक्शन हो जाए तो तुरंत 1930 हेल्पलाइन पर सूचना दें और बैंक से संपर्क करें। समय पर शिकायत करने से रकम वापस मिलने की संभावना बढ़ जाती है। ऐसे में पुलिस और बैंक दोनों लोगों को जागरूक रहने की सलाह दे रहे हैं। छोटी सी लापरवाही बड़ी आर्थिक चोट में बदल सकती है।

Tags :

Unnao, THE LUCKNOW TIMES, uttar Pradesh news

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन