तीन दिन की बंदी..... शहर की रफ्तार थमी : रेलवे ने अचानक बंद कर दी क्रॉसिंग
Thu, Jul 23, 2026
50 हजार लोगों का रास्ता बंद, ट्रैक पार कर निकलते दिखे राहगीर; वाहन चालकों को दो किमी घूमकर जाना पड़ा
उन्नाव। शहर के बीचोंबीच स्थित आवास विकास रेलवे क्रॉसिंग संख्या 35 बी को रेलवे ने बृहस्पतिवार सुबह अचानक बंद कर दिया। क्रॉसिंग बंद होने की जानकारी लोगों को तब हुई, जब रेलवे कर्मचारियों ने ट्रैक की मरम्मत के लिए सड़क खोदनी शुरू कर दी। अचानक रास्ता बंद होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। पैदल राहगीर जान जोखिम में डालकर रेलवे ट्रैक पार करते नजर आए, जबकि दोपहिया और चारपहिया वाहन चालकों को करीब दो किलोमीटर का अतिरिक्त चक्कर लगाना पड़ा। यह क्रॉसिंग लोकनगर मार्ग पर स्थित है और शहर के एक बड़े हिस्से को मुख्य मार्ग से जोड़ती है। छोटा चौराहा से लोकनगर होते हुए यह रास्ता कब्बाखेड़ा तिराहे पर उन्नाव-हरदोई मार्ग से जुड़ता है। करीब 50 हजार लोगों के लिए यह शहर के प्रमुख आवागमन मार्गों में शामिल है। शहर के लगभग 50 मोहल्लों के साथ ही आसपास के कई गांवों के लोग भी इसी रास्ते से सदर बाजार, कोतवाली, जिला अस्पताल और कानपुर की ओर आते-जाते हैं।
सुबह अचानक शुरू हुआ काम, लोगों को हुई जानकारी
बृहस्पतिवार सुबह करीब नौ बजे रेलवे ने क्रॉसिंग पर आवागमन रोक दिया। इसके बाद ट्रैक की मरम्मत के लिए खोदाई का काम शुरू कर दिया गया। क्रॉसिंग बंद होने के बाद वहां पहुंचे लोगों को काफी देर तक समझ नहीं आया कि रास्ता क्यों बंद किया गया है। धीरे-धीरे लोगों को रेलवे ट्रैक की मरम्मत के लिए तीन दिन तक क्रॉसिंग बंद रहने की जानकारी मिली।
वाहन सवारों को करना पड़ा लंबा चक्कर
क्रॉसिंग बंद होने से लोकनगर और आसपास के क्षेत्रों से आने वाले वाहन चालकों को वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ा। छोटे वाहनों को भी करीब दो किलोमीटर का अतिरिक्त सफर करना पड़ा। इससे आसपास के रास्तों पर भी वाहनों का दबाव बढ़ गया। पैदल राहगीरों के लिए स्थिति और मुश्किल रही। कई लोग ट्रैक पार करके दूसरी ओर जाते दिखाई दिए।
तीन दिन चलेगा मरम्मत का काम
रेलवे अधिकारियों के अनुसार क्रॉसिंग पर ट्रैक की मरम्मत के साथ पुराने बोल्डर और प्लेट बदले जा रहे हैं। काम शुक्रवार और शनिवार को भी जारी रहेगा। रेलवे का प्रयास है कि दो दिन में काम पूरा कराकर क्रॉसिंग पर आवागमन शुरू कर दिया जाए।
पहले से सूचना नहीं देने पर उठे सवाल
क्रॉसिंग बंद किए जाने से पहले आम लोगों को जानकारी नहीं दी गई। सुबह अचानक रास्ता बंद होने से लोग परेशान हुए। इस संबंध में सीनियर सेक्शन इंजीनियर महेश कुमार मीना ने बताया कि क्रॉसिंग बंद किए जाने की सूचना जिलाधिकारी कार्यालय को दे दी गई थी। उन्होंने बताया कि मरम्मत का काम जल्द पूरा कराने का प्रयास किया जा रहा है।
धर्मगुरुओं का उन्नाव में स्वागत : लखनऊ में जुटेगा सर्वधर्म समागम
Thu, Jul 23, 2026
सर्वधर्म संसद के प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र वर्मा ने होटल शिवा इन में किया अभिनंदन
उन्नाव। धर्म और मजहब अलग हो सकते हैं, लेकिन इंसानियत, प्रेम और भाईचारा सभी को जोड़ता है। इसी संदेश के साथ उन्नाव में सर्वधर्म संसद से जुड़े धर्मगुरुओं का स्वागत किया गया। शहर के बाईपास स्थित होटल शिवा इन में सर्वधर्म संसद के प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र वर्मा ने राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं संयोजक महामंडलेश्वर गोस्वामी सुशील जी महाराज,महर्षि भृगु पीठाधीश्वर,जगतगुरु सतीशाचार्य समेत अन्य सम्मानित धर्मगुरुओं का स्वागत और अभिनंदन किया। इस दौरान धर्मगुरुओं ने आपसी प्रेम, सद्भाव, भाईचारे और राष्ट्रीय एकता को मजबूत करने का संदेश दिया। कार्यक्रम में कहा गया कि भारत की सबसे बड़ी ताकत उसकी विविधता और अलग-अलग धर्मों के लोगों का मिल-जुलकर रहना है। समाज में शांति और सौहार्द बनाए रखने के लिए आपसी संवाद और एक-दूसरे के धर्म व विचारों का सम्मान जरूरी है।
लखनऊ में तीन दिन चलेगा इंटरफेथ सम्मेलन
लखनऊ के सीएमएस विद्यालय में 24 से 26 जुलाई तक अंतरराष्ट्रीय इंटरफेथ सम्मेलन आयोजित किया जा रहा है। इसमें देश-विदेश से विभिन्न धर्मों के धर्मगुरु, संत और आध्यात्मिक प्रतिनिधि शामिल होंगे। सम्मेलन में धर्मों के बीच संवाद, शांति, आपसी सद्भाव और विश्व बंधुत्व जैसे विषयों पर चर्चा की जाएगी। सर्वधर्म संसद के प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र वर्मा ने कहा कि अलग-अलग धर्मों के धर्मगुरुओं का एक मंच पर आना समाज के लिए सकारात्मक संदेश है। ऐसे आयोजन लोगों के बीच आपसी विश्वास बढ़ाने और सामाजिक एकता मजबूत करने में अहम भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि सर्वधर्म समभाव और भाईचारा ही भारत की पहचान है।
धर्मगुरुओं ने दिया एकता का संदेश
इस दौरान अमित मिश्र, सौरभ वर्मा, लवी गुप्ता, कुंवर प्रीत सिंह, लक्ष्य निगम समेत बड़ी संख्या मे लोगों ने धर्मगुरुओं का स्वागत किया। स्वागत कार्यक्रम के दौरान धर्मगुरुओं ने कहा कि समाज में शांति बनाए रखने के लिए प्रेम, संवाद और आपसी सम्मान सबसे जरूरी है। धार्मिक और सामाजिक विविधता भारत की ताकत है। सभी धर्मों का मूल संदेश मानवता, सेवा और शांति है। होटल शिवा इन, उन्नाव में हुए इस स्वागत कार्यक्रम के बाद धर्मगुरु लखनऊ में आयोजित होने वाले अंतरराष्ट्रीय इंटरफेथ सम्मेलन में शामिल होंगे। सम्मेलन के जरिए देश और दुनिया में शांति, सद्भाव और विश्व बंधुत्व का संदेश पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।
पिता की मौत से टूटा सपना : बेटे का सपना नहीं टूटने देंगे अंकित सिंह परिहार
Thu, Jul 23, 2026
सपा नेता अंकित परिहार, बोले- अनमोल की बीटेक तक की पढ़ाई का पूरा खर्च उठाऊंगा
उन्नाव। भगवंतनगर विधानसभा क्षेत्र के ददई खेड़ा गांव में आवारा सांड के हमले में किसान अंजनी कुमार पटेल की मौत के बाद उनके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घर की जिम्मेदारियां संभालने वाले किसान की अचानक मौत से परिवार के सामने आर्थिक संकट भी खड़ा हो गया। इसी बीच समाजसेवी और सपा नेता अंकित सिंह परिहार ने परिवार की मदद के लिए बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने मृतक किसान के बेटे अनमोल पटेल की बीटेक तक की पूरी पढ़ाई का खर्च उठाने की जिम्मेदारी उठाई। अंकित सिंह परिहार ने शोकाकुल परिवार से मुलाकात कर अंजनी कुमार पटेल को श्रद्धांजलि दी और परिजनों को हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया।
इंटर के बाद इंजीनियर बनने का सपना, पिता की मौत से चिंता बढ़ी
परिजनों से बातचीत के दौरान अनमोल पटेल ने बताया कि उसने इसी साल इंटरमीडिएट की परीक्षा अच्छे अंकों से पास की है। उसका सपना बीटेक कर इंजीनियर बनने का है। वह आगे की पढ़ाई की तैयारी कर रहा था, लेकिन पिता की अचानक मौत के बाद परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए उसकी पढ़ाई को लेकर चिंता बढ़ गई थी। अनमोल की बात सुनने के बाद अंकित सिंह परिहार ने उसकी पढ़ाई की जिम्मेदारी लेने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि पिता को खोने का दर्द तो कोई कम नहीं कर सकता, लेकिन अनमोल के सपनों को टूटने नहीं दिया जाएगा। बीटेक की पढ़ाई पूरी होने तक उसकी शिक्षा का पूरा खर्च वह स्वयं उठाएंगे।
‘आवारा पशु अब फसल नहीं, किसानों की जान के लिए भी खतरा’
अंकित सिंह परिहार ने कहा कि आवारा पशुओं की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। किसान दिन-रात खेतों की रखवाली करने को मजबूर हैं। अब स्थिति यह हो गई है कि आवारा पशु न सिर्फ फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं, बल्कि किसानों और ग्रामीणों की जान के लिए भी खतरा बन गए हैं। उन्होंने कहा कि अंजनी कुमार पटेल की मौत बेहद दुखद है। सरकार और प्रशासन को आवारा पशुओं की समस्या का स्थायी समाधान निकालने के लिए प्रभावी कदम उठाने चाहिए, ताकि किसी और परिवार को इस तरह का दुख न झेलना पड़े।
परिवार को आर्थिक मदद और हरसंभव सहयोग का भरोसा
मुलाकात के दौरान अंकित सिंह परिहार ने परिवार के सदस्यों से बातचीत कर उन्हें ढांढस बंधाया। उन्होंने कहा कि दुख की इस घड़ी में परिवार खुद को अकेला न समझे। अनमोल की पढ़ाई में किसी तरह की आर्थिक परेशानी नहीं आने दी जाएगी। इस घोषणा के बाद परिजनों ने उनका आभार जताया।