24 घंटे में तीन दबिश : 51 लीटर कच्ची शराब बरामद
Thu, Nov 27, 2025
जिला
आबकारी अधिकारी बोले, अवैध शराब पर जीरो टॉलरेंस
उन्नाव। अवैध शराब के कारोबार पर शिकंजा कसता दिख रहा है। लगातार हो रही दबिशों से अवैध कारोबारियों में खलबली मची है।आबकारी विभाग और पुलिस की टीमों ने 24 घंटे के अंदर अलग अलग इलाकों में अभियान चलाकर कच्ची शराब बरामद की और तीन महिलाओं को हिरासत में लिया। कार्रवाई पूरे दिन चली और कई स्थानों पर दुकानें, ढाबे व संदिग्ध ठिकानों की जांच की गई। विभाग का कहना है कि अब अवैध शराब के खिलाफ लगातार अभियान चलेगा और किसी को राहत नहीं मिलेगी।
सबसे पहले छापेमारी बांगरमऊ क्षेत्र में हुई। जिला आबकारी अधिकारी अनुराग मिश्रा के निर्देश पर आबकारी निरीक्षक अखिलेश सिंह व टीम ने हाईवे किनारे ढाबों और लाइसेंसी दुकानों की चेकिंग की। दुकान में रखी बोतलों, स्टॉक रजिस्टर और बिलों की जांच की गई। ढाबों पर रखे शराब के स्टॉक को भी परखा गया। टीम कई घंटे इलाके में घूमती रही और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी। विभाग ने दुकानदारों को दो टूक कहा कि बिना लाइसेंस शराब बेचने पर सीधी कार्रवाई होगी।
दूसरा अभियान बीघापुर तहसील के केदारखेड़ा और रानीपुर गांव में चला। यहां टीम को 25 लीटर कच्ची शराब मिली। मौके से एक महिला को गिरफ्तार किया गया। अधिकारियों के मुताबिक गांव में लंबे समय से अवैध शराब बनने की जानकारी मिल रही थी। बरामद शराब को नष्ट कर दिया गया और घर में मिले सामान को जब्त किया गया।
तीसरी दबिश मौरावां थाना क्षेत्र के हिलौली बाजार में पड़ी, जहां 26 लीटर कच्ची शराब पकड़ी गई और दो महिलाओं को हिरासत में लिया गया। टीम ने वहां से शराब बनाने का कुछ सामान भी बरामद किया। पूछताछ में महिलाओं ने बताया कि वे बाजार वाले दिन ज्यादा बिक्री करती थीं।
इधर, अनुराग मिश्र ने बताया कि टीमों को स्पष्ट निर्देश हैं कि अवैध शराब बेचने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि कच्ची शराब से जान का खतरा रहता है। हम रोज अलग अलग क्षेत्रों में जांच कर रहे हैं। जहां भी शिकायत मिलेगी वहां तुरंत दबिश दी जाएगी। अवैध कारोबार में शामिल कोई भी व्यक्ति बख्शा नहीं जाएगा।
जमीन सौदे में धोखा : कई महीने बाद आरोपी पकड़ा गया
Wed, Nov 26, 2025
प्रशासन ने कहा, भूमि से जुड़े फर्जीवाड़ों पर सख्त निगरानी जारी
उन्नाव। कोतवाली सदर पुलिस ने जमीन की खरीद फरोख्त में जालसाजी कर फर्जी बैनामा कराने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार आरोपी सालिक राम उर्फ मुचनू पुत्र स्व. विश्राम यादव निवासी सदर कोतवाली क्षेत्र के लोक नगर का रहने वाला है। काफी समय से वांछित चल रहा था और उसके खिलाफ कूटरचित दस्तावेज तैयार कर संपत्ति हड़पने का मामला दर्ज है। बुधवार को टीम ने दबिश देकर उसे कचहरी पुल के पास से पकड़ा और अदालत में पेश किया।मामला बीते 8 मई का है। मोहल्ला कृष्णा नगर निवासी कुंवर रामेन्द्र सिंह चौहान ने थाने में शिकायत दी थी कि उनकी जमीन के दस्तावेजों से छेड़छाड़ कर फर्जी तरीके से बैनामा कराया गया। जांच में तथ्यों के आधार पर मुकदमा पंजीकृत हुआ और पुलिस ने विवेचना शुरू की। इसी के बाद से आरोपी पुलिस की नजरों में था, लेकिन वह हाथ नहीं लग रहा था।
थाना कोतवाली सदर प्रभारी निरीक्षक चन्द्र कान्त मिश्र ने बताया कि बुधवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने घेराबंदी की और सालिक राम उर्फ मुचनू को हिरासत में ले लिया। उसके पास से कुछ कागजात मिले हैं जिनकी जांच की जा रही है। पुलिस का दावा है कि आरोपी ने धोखे से फर्जी दस्तावेज तैयार करवाकर जमीन अपने कब्जे में करने की कोशिश की थी। बताया कि आरोपी को न्यायालय में पेश कर विधिक कार्रवाई की गई है। मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच जारी है। शहर कोतवाल का कहना है कि दस्तावेजों से जुड़ी धोखाधड़ी और भूमिगत बैनामों पर सख्ती के साथ कार्रवाई की जाएगी, ताकि असल मालिकों की जमीन सुरक्षित रह सके।
उन्नाव की एक रात... दो फायरिंग... : दो परिवारों की बेबसी और पुलिस की चौकसी अब कसौटी पर
Wed, Nov 26, 2025
हैलट रेफर हुए दोनों घायल, पुलिस की छह टीमें तलाश में
उन्नाव। शहर सर्किल में मंगलवार रात असलहों की गूंज से दहशत फैल गई। दो अलग-अलग थाना क्षेत्रों में जमीन के सौदे और रुपये लौटाने के लेनदेन की रंजिश में युवकों को निशाना बनाया गया। एक युवक के सीने में गोली धंस गई, जबकि दूसरे के सिर को छूते हुए निकल गई। दोनों घायल रातभर अस्पताल की इमरजेंसी में जिंदगी और मौत के बीच झूलते रहे। शहर और देहात पुलिस अलर्ट मोड में है। छापे जारी हैं, कई लोग हिरासत में भी हैं, जबकि पुलिस की छह टीमें आरोपियों की तलाश में दबिश दे रही हैं। दोनों घायलों को जिला अस्पताल से कानपुर हैलट रेफर कर दिया गया है। फॉरेंसिक टीम ने दोनों घटनास्थलों पर सैंपल लिए और मौके की बारीकी से जांच की।
पहला मामला: रुपये की वापसी को लेकर विवाद, कॉल पर बुलाकर सीने में मारी गोली
सदर कोतवाली के पीतांबर नगर में रहने वाला सचिन विमल (23) रात आठ बजे अपने मोहल्ले के पूल क्लब में गेम खेल रहा था। उसी दौरान उसके मोबाइल पर कॉल आई। सामने था मोतीनगर मोहल्ले का भूपेंद्र वर्मा, जिसके साथ सचिन का 15 लाख रुपये के लेनदेन को लेकर विवाद चल रहा है।
सचिन ने बताया कि भूपेंद्र जमीन का कारोबार करता है और उसने एक प्लॉट डील के लिए उससे पैसे लिए थे। फरवरी में अपनी बहन की शादी है, इसलिए उसने कुछ दिन पहले रुपये वापस मांग लिए। मंगलवार को भूपेंद्र ने उसे यूएसडीए के पास पेट्रोलपंप के सामने वाली गली में मिलने को बुलाया। सचिन अकेले ही पहुंच गया। बात शुरू होते ही विवाद बढ़ गया और आरोप है कि भूपेंद्र उसे गली में ले गया और अचानक तमंचा निकालकर गोली चला दी। गोली सीधे सीने को चीरते हुए आरपार निकल गई।
रक्तरंजित सचिन किसी तरह अपने दोस्त सुभाष को फोन कर सका। सुभाष उसे जिला अस्पताल ले गया। जानकारी मिलते ही कोतवाल चंद्रकांत मिश्रा टीम के साथ अस्पताल पहुंचे और घायल से बयान लिया। इमरजेंसी में तैनात डॉ. आशीष सक्सेना ने बताया कि गोली छाती को पार कर चुकी है और मरीज को प्राथमिक इलाज देने के बाद हैलट मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया।
दूसरा मामला: जमीन का पुराना झगड़ा फिर भड़का, घर के बाहर गोली चली
दूसरी घटना रात 8:15 बजे रायपुर बुजुर्ग गांव में हुई। यहां घर के बाहर बैठे भोला सिंह (35) पर फायर कर दिया गया। गोली सिर के दाहिने हिस्से को छूते हुए निकल गई। भोला खून से लथपथ वहीं गिर पड़ा। सूचना मिलते ही एसपी जयप्रकाश सिंह समेत कई अधिकारी अस्पताल पहुंचे और घायल की स्थिति जानी। भोला के पिता रामबहादुर का कहना है कि जमीन सौदे को लेकर कोमल यादव (एलएलबी छात्र) और गजौली निवासी मिठल्ले से पुराना विवाद चल रहा है। बताया जाता है कि कुछ महीने पहले भोला एक जमीन खरीदना चाहते थे, लेकिन सौदा अंतिम समय पर कोमल ने कर लिया था। तब से दोनों पक्षों में तनाव बना हुआ है। गांव के पास जुएं की फड़ पर भी भिड़ंत हो चुकी है और घर के बाहर फायरिंग की वारदात भी हो चुकी है। परिजनों का दावा है कि इसी विवाद की कड़ी में भोला पर हमला हुआ। मिठल्ले पर गैंगस्टर और हत्या के मुकदमे दर्ज हैं और फिलहाल जमानत पर बाहर है। घटना के बाद भोला के घर के बाहर सुरक्षा के लिए पुलिस चौकसी में तैनात कर दी गई है।
दही थानाध्यक्ष ज्ञानेंद्र सिंह का कहना है कि घटना की वजह की पुष्टि अभी बाकी है। फॉरेंसिक टीम के साथ घटनास्थल की जांच हो चुकी है। घायल के पिता तहरीर देने कानपुर से लौट रहे हैं। संदेह के आधार पर कुछ लोगों से पूछताछ की जा रही है।
शहर में तनाव, पुलिस चौकन्नी
दोनों वारदातों के बाद शहर में तनाव का माहौल है। पुलिस हर बिंदु पर काम कर रही है। सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन और घटनास्थलों से मिले साक्ष्यों के आधार पर खोजबीन जारी है। अधिकारी दावा कर रहे हैं कि जल्द आरोपी कानून के दायरे में होंगे।