Tue 10 Mar 2026

ब्रेकिंग

ट्रक से कुचलकर युवती की मौत

सिलिंडर न मिलने से उपभोक्ता परेशान

छह माह के बच्चे का गला घोंटकर रची गई साजिश

दो दर्जन किसानों को भारी नुकसान

उन्नाव में शंकराचार्य ने सीएम योगी से मांगा जवाब

सूचना

BREAKING NEWS

CRIME BREAKING

‘संन्यासी वेतन नहीं लेता’… : उन्नाव में शंकराचार्य ने सीएम योगी से मांगा जवाब

सैय्यद फैज़ान शीबू रहमान

Sun, Mar 8, 2026
Post views : 98

बीफ निर्यात, गोवंश की घटती संख्या और राजनीतिक चंदे पर भी साधा निशाना

उन्नाव। धर्मयुद्ध शंखनाद यात्रा के दौरान सोमवार को उन्नाव पहुंचे स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। शहर के पीडीनगर और दही चौकी स्थित एक गेस्ट हाउस में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कई सवाल उठाए और कहा कि मुख्यमंत्री को यह बताना चाहिए कि वह असली हिंदू हैं या नकली। उन्होंने कहा कि सनातन परंपरा में कोई भी संन्यासी या योगी वेतन और भत्ता नहीं लेता। संन्यासी अहिंसा का पालन करता है और सत्ता या सरकारी लाभ से दूर रहता है। ऐसे में यदि कोई खुद को योगी बताता है और साथ ही सरकारी वेतन-भत्ता भी ले रहा है तो यह स्पष्ट करना चाहिए कि यह किस परंपरा के तहत है।

40 दिन का समय दिया, 38 दिन बीत गए

शंकराचार्य ने बताया कि उन्होंने अपने सवालों के जवाब के लिए मुख्यमंत्री को 40 दिन का समय दिया था। अब 38 दिन बीत चुके हैं लेकिन अभी तक कोई जवाब नहीं आया है। उन्होंने कहा कि उनकी धर्मयुद्ध शंखनाद यात्रा इसी मुद्दे को लेकर चल रही है।उन्होंने बताया कि यात्रा के अगले चरण में वह नैमिषारण्य पहुंचेंगे और वहां से 11 मार्च को लखनऊ जाकर मुख्यमंत्री से जवाब मांगेंगे।

गोवंश घटने और बीफ निर्यात बढ़ने का आरोप

शंकराचार्य ने दावा किया कि देश में देशी गायों की संख्या लगातार घट रही है। उनके अनुसार 2012 की पशुगणना के बाद से अब तक करीब 18 से 19 लाख गायें कम हो गई हैं, जबकि इसी दौरान बीफ के निर्यात में लगभग 60 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हुई है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि एक मांस निर्यातक कंपनी ने भाजपा को करीब 30 करोड़ रुपये का चंदा दिया है। इस पर उन्होंने टिप्पणी करते हुए कहा कि गो भक्तों का वोट और गो-हत्यारों का नोट एक ही पार्टी को मिल रहा है। उनका कहना था कि जब गो संरक्षण की बात करके सत्ता हासिल की गई थी तो अब सरकार को यह बताना चाहिए कि गोवंश की रक्षा के लिए ठोस कदम क्या उठाए गए।

प्रधानमंत्री पर भी साधा निशाना

शंकराचार्य ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि लोगों ने पुरानी सरकारों को हटाकर नई सरकार इस उम्मीद में चुनी थी कि गोमाता की रक्षा होगी। उन्होंने कहा कि तीसरी बार सरकार बनने के बाद भी गोहत्या रोकने को लेकर कोई ठोस परिणाम नहीं दिख रहे हैं। उनका कहना था कि जो व्यक्ति गोमाता को मां मानता है वही उनका भाई है और जो ऐसा नहीं मानता उसे वह अपना भाई नहीं मानते।

गोमाता को राष्ट्रमाता घोषित करने की मांग

उन्होंने कहा कि देश में गोमाता को राष्ट्रमाता घोषित किया जाना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि सनातन परंपरा में एक ही व्यक्ति राजा और गुरु दोनों नहीं हो सकता। यह परंपरा सनातन में नहीं बल्कि अन्य समुदायों में देखने को मिलती है।उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि डबल इंजन सरकार वाले राज्यों में भी गोशालाओं की हालत संतोषजनक नहीं है।

आशुतोष ब्रह्मचारी हमले पर जताई शंका

यौन शोषण के आरोप लगाने वाले आशुतोष ब्रह्मचारी पर हुए हमले को लेकर शंकराचार्य ने कहा कि किसी भी अहिंसा में विश्वास रखने वाले व्यक्ति के लिए ऐसी घटना दुखद है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि इस मामले में कई सवाल खड़े होते हैं। उनके अनुसार हमला शौचालय के अंदर नहीं बल्कि बाहर हुआ था। उन्होंने कहा कि कई बार आपराधिक इतिहास वाले लोग खुद पर हमला कराकर खुद को पीड़ित के रूप में दिखाने की कोशिश भी करते हैं, इसलिए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उन्होंने आशुतोष ब्रह्मचारी को सुरक्षा देने की भी मांग की।

सपा नेताओं की मौजूदगी पर दी सफाई

कार्यक्रम में समाजवादी पार्टी के कई नेता मौजूद रहे। इस पर पूछे गए सवाल के जवाब में शंकराचार्य ने कहा कि यदि कोई व्यक्ति उनसे मिलने या संवेदना व्यक्त करने आता है तो उसे किसी पार्टी से जोड़ देना सही नहीं है। सांसद साक्षी महाराज को लेकर उन्होंने कहा कि वह उन्हें संत नहीं मानते, क्योंकि वह लंबे समय से सांसद हैं और वेतन भी लेते हैं।

पुलिस सुरक्षा नहीं दिखी

कार्यक्रम के दौरान दही थाना क्षेत्र के चार पुलिसकर्मी सादी वर्दी में आसपास मौजूद दिखाई दिए, लेकिन इसके अलावा कोई विशेष सुरक्षा व्यवस्था नजर नहीं आई। शंकराचार्य ने पीडीनगर में बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष सतीश शुक्ला को मखाने की माला और अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित भी किया। इसके बाद वह दही चौकी स्थित गेस्ट हाउस में रुके और रात्रि विश्राम किया। मंगलवार सुबह वह बांगरमऊ होते हुए नैमिषारण्य के लिए रवाना होंगे, जहां से उनकी धर्मयुद्ध शंखनाद यात्रा का अगला चरण शुरू होगा।

Tags :

Unnao, THE LUCKNOW TIMES, uttar Pradesh news

विज्ञापन

विज्ञापन

जरूरी खबरें

विज्ञापन