: जुलूस में बवाल के बाद पुलिस अलर्ट, दादा मियां चौराहे पर चौपाल
Tue, Sep 23, 2025
बिना अनुमति जुलूस निकालने पर सख्त कार्रवाई होगी
सैय्यद फैज़ान शीबू रहमान
उन्नाव। गंगाघाट थाना क्षेत्र में बिना अनुमति निकले जुलूस के दौरान हुए बवाल के बाद जिले का माहौल बिगड़ने न पाए, इसके लिए उन्नाव पुलिस ने मोर्चा संभाल लिया है। हालात को देखते हुए पुलिस ने शहर और कस्बाई इलाकों में अतिरिक्त फोर्स तैनात कर दिया है। जगह-जगह फ्लैग मार्च भी कराया जा रहा है।पुलिस अधिकारियों ने कहा कि किसी भी तरह की अफवाह फैलाने वालों पर तुरंत कार्रवाई होगी। साथ ही सोशल मीडिया की भी निगरानी बढ़ा दी गई है ताकि किसी तरह का भड़काऊ संदेश माहौल न बिगाड़ पाए। माहौल को शांत और सामान्य रखने के लिए पुलिस लगातार स्थानीय धर्मगुरुओं और जिम्मेदार लोगों से संपर्क बनाए हुए है।
धर्मगुरुओं के साथ खुली बैठक
शहर कोतवाली क्षेत्र के दादा मियां चौराहे पर सोमवार शाम को बड़ी चौपाल आयोजित की गई। इस मौके पर पुलिस अधिकारियों ने धर्मगुरुओं सहित समाज के जिम्मेदार लोगों से खुलकर बातचीत की। सभी से अपील की गई कि किसी भी तरह का जुलूस बिना अनुमति न निकाला जाए और अफवाहों पर ध्यान न दिया जाए।
सोशल मीडिया पर सख्त निगरानी
पुलिस प्रशासन ने यह भी साफ कर दिया है कि सोशल मीडिया पर किसी भी तरह की भड़काऊ पोस्ट या अफवाह फैलाने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस दौरान सीओ सिटी आईपीएस दीपक यादव और सीओ हसनगंज अरविंद चौरसिया ने बैठक का नेतृत्व किया और लोगों से अमन-चैन बनाए रखने की अपील की।
माहौल सामान्य रखने पर जोर
बैठक में मौजूद धर्मगुरुओं ने भी लोगों से अपील की कि आपसी भाईचारा बनाए रखें और किसी भी भ्रामक संदेश से बचें। पुलिस अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि शांति व्यवस्था बनाए रखना सबकी जिम्मेदारी है और प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। इस चौपाल के जरिए पुलिस ने स्पष्ट कर दिया कि जुलूस, जश्न या किसी भी सामूहिक आयोजन के लिए प्रशासनिक अनुमति जरूरी है। बिना अनुमति जुलूस निकालने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।
: शहर काजी के साथ पुलिस की बैठक, अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील
Mon, Sep 22, 2025
आई लव मोहम्मद कहना गलत नहीं, भ्रम से बचें
सैय्यद फैज़ान शीबू रहमान
उन्नाव। गंगाघाट थाना क्षेत्र के मनोहर नगर में रविवार को बिना अनुमति निकाले गए जुलूस के दौरान हुए बवाल के बाद शहर में तनाव की स्थिति बनी हुई है। हालात को काबू में रखने के लिए सोमवार को कोतवाली उन्नाव में शहर काजी और पुलिस अधिकारियों की बैठक हुई। बैठक में समाज में शांति और सौहार्द बनाए रखने को लेकर चर्चा की गई।
बैठक के बाद शहर काजी ने कहा कि "आई लव मोहम्मद कहने पर किसी तरह की पाबंदी नहीं है।
शहर काजी ने मुस्लिम युवाओं से अपील करते हुए कहा कि किसी भी प्रकार का प्रदर्शन जुलूस की शक्ल में न निकाला जाए। न ही नारेबाजी की जाए जिससे माहौल खराब हो। उन्होंने कहा कि अपनी बात रखने के लिए शांतिपूर्ण तरीके से ज्ञापन देना ही उचित होगा।
मुस्लिम युवाओं से अपील
जीएनआरएफ फाउंडेशन के अध्यक्ष असलम मदनी ने मुस्लिम युवाओं से अपील करते हुए कहा कि किसी भी प्रकार के प्रोटेस्ट को जुलूस या नारेबाजी का रूप न दिया जाए। उन्होंने कहा कि “अपनी बात शांतिपूर्वक ज्ञापन के जरिए अधिकारियों तक पहुंचाएं, ताकि उन्नाव का माहौल खराब न हो।”
बवाल पर पुलिस की कार्रवाई
रविवार शाम को हुए बवाल में पुलिस पर पत्थरबाजी की गई थी। इस मामले में गंगाघाट कोतवाली में 8 नामजद और 30 अज्ञात युवकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस ने अब तक 6 युवकों को गिरफ्तार कर लिया है।
इलाके में तैनात पुलिस बल
घटना के बाद से इलाके में तनाव को देखते हुए भारी पुलिस बल की तैनाती की गई है। अधिकारी लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति न पैदा हो सके।
: उन्नाव में जश्न ए सरकार साबिर पाक का 757वां उर्स धूमधाम से संपन्न
Mon, Sep 8, 2025
शिया, सुन्नी और हिंदू समाज ने मिलकर बढ़-चढ़कर लिया हिस्सा
सैय्यद फैज़ान शीबू रहमान
उन्नाव। दादा मियां की दरगाह के सामने शबाब हुसैन साबरी के घर पर बने कार्यालय में जश्न ए सरकार साबिर पाक के उर्स के मौके पर कुल शरीफ़ और नात ख्वानी का आयोजन हुआ। इस मौके पर शिया, सुन्नी और हिंदू समाज के लोगों ने मिलकर हिस्सा लिया। हजारों की भीड़ ने इस जश्न को खास बना दिया। पूरे इलाके में चिरागां और सजावट का आलम रहा। उर्स को लेकर श्रद्धालुओं में गहरी आस्था और उत्साह देखने को मिला। श्रद्धालुओं ने दरगाह पहुंचकर मन्नतें मांगीं और अमन-चैन की दुआ की। दरगाह परिसर में रोशनी से माहौल जगमगा उठा। उन्नाव में इस उर्स को लेकर एक मेले जैसा दृश्य देखने को मिला।
नातख्वानी और कुल शरीफ़ का पुरनूर मंजर
महफ़िल की शुरुआत नातख्वानी और मिलादुन्नबी से हुई। समा और कुल शरीफ़ के बाद लंगर व तबर्रुख का आयोजन किया गया। दोपहर 2 बजे से शुरू होकर यह कार्यक्रम रात 2 बजे तक चला। दरगाह परिसर से लेकर आस-पास तक लोगों की भीड़ जमी रही। महफ़िल में हर तरफ आध्यात्मिक सुकून का माहौल बना रहा। लंगर में बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक ने बड़े ही सलीके से हिस्सा लिया। पूरी रात दरगाह परिसर में इबादत और जिक्र का सिलसिला चलता रहा।
पत्रकार और सज्जादों का हुआ सम्मान
जश्न में शामिल हुए पत्रकार साथियों को सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया गया। इसी तरह सज्जादों को भी सम्मानित किया गया। यह कार्यक्रम शबाब हुसैन साबरी के ऑफिस में संपन्न हुआ। सम्मान पाकर पत्रकारों और सज्जादों ने आयोजकों का आभार जताया। इस अवसर पर सभी ने समाज में भाईचारे और मोहब्बत का संदेश दिया। मंच से बार-बार आपसी सौहार्द और इंसानियत को सबसे बड़ी नेमत बताया गया। इससे कार्यक्रम का संदेश और गहरा असर छोड़ गया।
कार्यक्रम की निज़ामत
जश्न की निज़ामत मौलाना तज़मीन हुसैन जाफरी ने की। इस मौके पर माहौल पुरनूर और आध्यात्मिक रहा। उन्होंने अपने बयान में उर्स की ऐतिहासिक अहमियत पर भी प्रकाश डाला। महफ़िल में उपस्थित लोगों ने ध्यानपूर्वक उनके विचार सुने। जश्न की पूरी फिज़ा मोहब्बत और इबादत से सराबोर रही। मौलाना ने बताया कि ऐसे आयोजन समाज में मेल-जोल और एकता को और मजबूत करते हैं। उनकी बातों पर श्रोताओं ने बार-बार तालियों से सहमति जताई।
प्रमुख लोग रहे मौजूद
जश्न में शामिल हुए सैय्यद ज़ैदुर्रहमान सफ़वी, सैय्यद सिराज हुसैन जैदी, मोहम्मद रईस ताज, मोहम्मद अहमद, सफी सैय्यद अली रज़ा, हज़रत ज़मीर आलम, सैफ़ ज़ैदी, आमिर उन्नावी और तज़मीन जाफरी। इनके अलावा बड़ी संख्या में उन्नाव और आसपास के लोग मौजूद रहे। सभी ने मिलकर आपसी भाईचारे का परिचय दिया। श्रद्धालुओं ने दुआ मांगी और अमन-चैन की दुआएं कीं। इस मौके पर दरगाह के बाहर भी मेल-जुलाव का दृश्य देखने को मिला। उर्स में मौजूद लोगों ने इसे यादगार और ऐतिहासिक बताया। कार्यक्रम के बाद देर रात तक श्रद्धालु एक-दूसरे को मुबारकबाद देते दिखे।