ब्रेजा कार और पांच लाख रुपये की मांग : पति समेत सात पर रिपोर्ट
Fri, Sep 11, 2026
विवाहिता का आरोप, दहेज की मांग पूरी न होने पर घर से निकाला
उन्नाव। बिहार थाना क्षेत्र के भगवंतनगर निवासी विवाहिता ने ससुरालियों पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने और मारपीट कर घर से निकालने का आरोप लगाया है। विवाहिता की तहरीर पर पुलिस ने पति समेत सात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है।भगवंतनगर के वार्ड नंबर नौ निवासी रिया बाजपेई ने पुलिस को बताया कि उसकी शादी वर्ष 2025 में गायघाट दहिलामऊ निवासी शरद कुमार शुक्ला के साथ हुई थी। आरोप है कि शादी के कुछ दिन बाद ही ससुराल वाले ब्रेजा कार और पांच लाख रुपये अतिरिक्त दहेज की मांग करने लगे। मांग पूरी नहीं होने पर उसके साथ गालीगलौज और मारपीट की जाती थी। उसे जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है। रिया के मुताबिक, उसने इसकी जानकारी अपने मायके वालों को दी। इस पर उसके पिता ससुराल पहुंचे। विवाहिता का आरोप है कि उसने पिता को ससुर राकेश पर छेड़छाड़ और अश्लील हरकत करने की बात बताई। इसको लेकर ससुराल के लोग नाराज हो गए। आरोप है कि उसके गहने और कपड़े रखवा लिए गए और उसे सिर्फ पहने हुए कपड़ों में पिता के साथ घर से निकाल दिया गया।विवाहिता ने आरोप लगाया कि इसके बाद ससुराल पक्ष के लोग उसके मायके भी पहुंचे और दहेज की मांग को लेकर गालीगलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद वह बिना उसे साथ लिए वापस चले गए। मामले में रिया ने पुलिस से कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने तहरीर के आधार पर पति शरद कुमार शुक्ला, ससुर राकेश, सास रेखा, ननद प्रीति, हिमान्शी, मौसा ससुर रामचन्द्र और मौसी सास सुलेखा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
जिला अस्पताल पहुंचा स्वाइन फ्लू : युवक की रिपोर्ट पॉजिटिव
Thu, Sep 10, 2026
कई दिनों से बुखार के बाद सांस लेने में हुई थी परेशानी, जांच में संक्रमण की पुष्टि होते ही आइसोलेशन में भर्ती
उन्नाव। जिले में स्वाइन फ्लू का संक्रमण अब जिला अस्पताल तक पहुंच गया है। सिकंदरपुर सरोसी क्षेत्र के 28 वर्षीय युवक की जांच रिपोर्ट बुधवार को पॉजिटिव आने के बाद अस्पताल प्रशासन ने उसे आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया। खास बात यह है कि जिले में अब तक स्वाइन फ्लू के जो मामले सामने आए थे, उनकी जांच उन्नाव से बाहर हुई थी। जिला अस्पताल में जांच के बाद सामने आया यह पहला पुष्ट मामला बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार सिकंदरपुर सरोसी ब्लॉक क्षेत्र का युवक कई दिनों से बुखार से परेशान था। शुरुआत में परिजन स्थानीय स्तर पर उसका इलाज करा रहे थे, लेकिन आराम नहीं मिला। हालत बिगड़ने पर उसे सांस लेने में भी दिक्कत होने लगी। बुधवार को परिजन उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे।
लक्षण देखकर डॉक्टर ने कराई जांच
जिला अस्पताल की ओपीडी में चेस्ट रोग विशेषज्ञ डॉ. शोभित अग्निहोत्री ने युवक की जांच की। बुखार के साथ सांस लेने में परेशानी और अन्य लक्षणों को देखते हुए डॉक्टर को स्वाइन फ्लू की आशंका हुई। इसके बाद मरीज की जांच कराई गई। रिपोर्ट आने पर संक्रमण की पुष्टि हो गई। रिपोर्ट पॉजिटिव मिलते ही अस्पताल प्रशासन ने मरीज को सामान्य वार्ड से अलग कर आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कर दिया। डॉक्टरों की निगरानी में उसका उपचार शुरू किया गया है।
स्टाफ को सुरक्षा के साथ काम करने के निर्देश
मरीज के पॉजिटिव मिलने के बाद अस्पताल में संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए जरूरी सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं। डॉक्टरों और कर्मचारियों को मास्क समेत सुरक्षा के अन्य उपाय अपनाने को कहा गया है। मरीज को भी आइसोलेशन में रखकर उपचार किया जा रहा है, जिससे दूसरे मरीजों और तीमारदारों में संक्रमण फैलने का खतरा कम किया जा सके।
पहले बाहर हुई थी मरीजों की जांच
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार नए मामले से पहले जिले में आठ लोगों में स्वाइन फ्लू की पुष्टि हो चुकी थी। इन मरीजों की जांच उन्नाव के बजाय लखनऊ और कानपुर के निजी अस्पतालों में हुई थी। रिपोर्ट मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने इन मामलों को जिले के आंकड़ों में शामिल किया था। इन आठ मरीजों में दो ऐसे लोग भी बताए गए हैं जो दूसरे जिलों में रह रहे थे। बाकी मरीज नवाबगंज, बांगरमऊ, गंजमुरादाबाद और उन्नाव शहर क्षेत्र से जुड़े हैं। विभाग के अनुसार इनमें पांच मरीज पहले से किसी न किसी बीमारी से पीड़ित थे।
कई संदिग्ध मरीजों की रिपोर्ट का इंतजार
स्वास्थ्य विभाग की ओर से स्वाइन फ्लू की आशंका वाले कुछ मरीजों के नमूने जांच के लिए लखनऊ भेजे गए हैं। इनकी रिपोर्ट अभी आना बाकी है। रिपोर्ट मिलने के बाद ही स्थिति और स्पष्ट हो सकेगी। जिला अस्पताल में नया मामला सामने आने के बाद अब जिले में स्वाइन फ्लू के पुष्ट मरीजों की संख्या बढ़कर नौ हो गई है।
सीएमएस बोले, आइसोलेशन में चल रहा इलाज
मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एसके शुक्ला ने बताया कि ओपीडी में जांच के दौरान युवक में स्वाइन फ्लू के लक्षण मिले थे। जांच कराने पर रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। मरीज को आइसोलेशन वार्ड में रखकर उपचार किया जा रहा है।
अधिकारियों से नहीं हो सकी बात
नए मरीज की पुष्टि के बाद मामले को लेकर स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से अतिरिक्त जानकारी लेने का प्रयास किया गया। सीएमओ और एडिशनल सीएमओ को कई बार फोन किया गया, लेकिन कॉल रिसीव नहीं हुई। इस कारण विभाग की ओर से मरीज की वर्तमान स्थिति और संक्रमण को लेकर अतिरिक्त जानकारी उपलब्ध नहीं हो सकी।
मां-बेटी को घर से निकाला : छह माह से मायका सहारा
Thu, Sep 10, 2026
पिता बोले, दहेज की मांग पूरी नहीं हुई तो बेटी को बच्ची समेत घर से निकाला
उन्नाव। शादी के बाद ससुराल में सब कुछ ठीक चल रहा था, लेकिन कुछ समय बाद अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर विवाद शुरू हो गया। आरोप है कि मांग पूरी न होने पर विवाहिता के साथ मारपीट और अभद्रता की गई। करीब छह महीने पहले उसे उसकी डेढ़ साल की बेटी के साथ घर से निकाल दिया गया। तब से दोनों मायके में रह रही हैं। अब विवाहिता के पिता ने पुलिस को शिकायत देकर ससुरालियों पर कार्रवाई की मांग की है। पिता के मुताबिक, बेटी का निकाह नवंबर 2023 में सदर कोतवाली क्षेत्र के रहने वाले युवक से मुस्लिम रीति-रिवाज से हुआ था। शादी में परिवार ने अपनी हैसियत के मुताबिक खर्च किया था। करीब 10 लाख रुपये खर्च करने के साथ दान-दहेज भी दिया गया था। उनका कहना है कि शादी के बाद बेटी के ससुराल पहुंचने पर कुछ समय तक स्थिति सामान्य रही। आरोप है कि इसके बाद ससुराल पक्ष ने दो लाख रुपये नकद, एक तोला सोना और अपाचे बाइक की मांग शुरू कर दी। मांग पूरी न होने पर विवाहिता को कम दहेज लाने का ताना दिया जाने लगा। पिता का आरोप है कि विरोध करने पर बेटी के साथ मारपीट और मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था।
कपड़े और जेवर लेकर निकलने का आरोप
शिकायत में पिता ने बताया कि करीब छह महीने पहले विवाद बढ़ने पर बेटी के साथ मारपीट की गई। आरोप है कि उसके कपड़े और जेवर भी ले लिए गए और उसे मासूम बेटी समेत घर से बाहर कर दिया गया। इसके बाद विवाहिता अपने मायके आ गई। तब से वह वहीं रहकर अपनी बेटी की देखभाल कर रही है।पिता का कहना है कि परिवार की ओर से बेटी का घर बचाने और उसे वापस ससुराल भेजने का प्रयास किया गया, लेकिन अतिरिक्त दहेज की मांग पूरी किए बिना ससुराल पक्ष उसे रखने को तैयार नहीं है। इसी वजह से मामला अब पुलिस तक पहुंचा है।
पुलिस से जांच की मांग
विवाहिता के पिता ने पुलिस को दिए प्रार्थना पत्र में पूरे मामले की जांच कराने और आरोप सही पाए जाने पर ससुरालियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। पुलिस स्तर से मामले की जांच के बाद आगे की कार्रवाई की बात कही गई है।