श्रद्धांजलि : बरसी पर याद आए पुलवामा के वीर सपूत अजीत कुमार आजाद
Sat, Feb 14, 2026
विमल द्विवेदी ने कहा, बलिदान को शब्दों से नहीं कर्म से दें सम्मान
उन्नाव। शनिवार को पुलवामा हमले में शहीद हुए अजीत कुमार आजाद की बरसी पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। स्मारक स्थल पर बड़ी संख्या में लोग पहुंचे और पुष्पांजलि अर्पित कर वीर सपूत को नमन किया। 14 फरवरी 2019 को जम्मू-कश्मीर के में हुए आतंकी हमले में 40 जवान शहीद हुए थे। उन्नाव के अजीत कुमार आजाद भी उसी हमले में वीरगति को प्राप्त हुए थे। कार्यक्रम में भाजपा नेता और ‘नर सेवा नारायण सेवा’ के संस्थापक विमल द्विवेदी ने शहीद की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने ‘भारत माता की जय’ और ‘शहीद अमर रहें’ के नारे लगाए। श्रद्धांजलि सभा में दो मिनट का मौन रखकर वीर जवानों को याद किया गया।विमल द्विवेदी ने कहा कि पुलवामा के शहीद केवल अपने परिवारों के नहीं, बल्कि पूरे देश के परिवार का हिस्सा थे। उन्होंने शहीदों के परिवारों के सुख-दुख में साथ खड़े रहने की बात कही। साथ ही सरकार और जनप्रतिनिधियों से शहीद परिवारों से किए गए वादों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने का आह्वान किया। उन्होंने मांग की कि उन्नाव के शहीदों की स्मृति में भव्य स्मारक और द्वार का निर्माण कराया जाए। साथ ही भूमिहीन परिवारों को जमीन के पट्टे दिए जाने की व्यवस्था सुनिश्चित करने की अपील भी की। कार्यक्रम में जिला संयोजक अजय त्रिवेदी, धर्मेंद्र शुक्ल, राकेश राजपूत समेत कई लोग मौजूद रहे। वक्ताओं ने कहा कि शहीदों का बलिदान देश कभी नहीं भूल सकता और ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को देशसेवा की प्रेरणा देते हैं।
शादी के नाम पर धोखा : पुलिसकर्मी के खिलाफ युवती पहुंची एसपी दफ्तर, एसपी ने बैठाई जांच
Fri, Feb 13, 2026
उन्नाव। शहर के आवास विकास इलाके की रहने वाली एक युवती ने कांशीराम चौकी में तैनात सिपाही पर गंभीर आरोप लगाए हैं। युवती का कहना है कि सिपाही ने शादी का वादा कर उसे होटल ले जाकर शारीरिक संबंध बनाए। मामले की शिकायत पुलिस अधीक्षक से की गई है, जिसके बाद जांच के आदेश दे दिए गए हैं। पीड़िता के मुताबिक करीब दस महीने पहले वह कांशीराम कालोनी में अपनी बुआ के घर गई थी। उसी दौरान चौकी में तैनात एक सिपाही से उसकी पहचान हुई। आरोप है कि सिपाही ने उसका मोबाइल नंबर लिया और बातचीत शुरू कर दी। धीरे-धीरे दोनों के बीच संपर्क बढ़ा। युवती का कहना है कि सिपाही ने खुद को अविवाहित बताया और उससे शादी करने का भरोसा दिया। युवती का आरोप है कि शादी का भरोसा देकर सिपाही उसे कई बार होटल ले गया। नौ फरवरी को भी वह उसे एक होटल में लेकर गया। वहां जब युवती ने शादी की बात दोहराई तो सिपाही भड़क गया। आरोप है कि उसने गाली-गलौज की और यह कहते हुए धमकाया कि वह पुलिस में है, उसका कुछ नहीं बिगाड़ा जा सकता। मामला सामने आने के बाद युवती ने पुलिस अधीक्षक से मिलकर शिकायत की। एसपी ने प्रकरण की जांच क्षेत्राधिकारी नगर को सौंपी है। सीओ सिटी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। उनके मुताबिक शिकायतकर्ता ने बाद में अपने बयान में बदलाव किया है और कहा है कि किसी के कहने पर उसने प्रार्थनापत्र दिया था। फिलहाल दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं और तथ्यों की पड़ताल की जा रही है।
उन्नाव में अखिलेश यादव का वार : बेरोजगारी और वोट कटने पर सरकार घेरा
Fri, Feb 13, 2026
निजी समारोह में शामिल होने के बाद मीडिया से की बातचीत
उन्नाव। शहर के एक रिसॉर्ट में शुक्रवार को शादी समारोह में शामिल होने पहुंचे समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कार्यक्रम के बाद मीडिया से बातचीत में प्रदेश सरकार और सत्तारूढ़ दल पर तीखा निशाना साधा। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की जनता बदलाव चाहती है और युवाओं में सरकार के खिलाफ असंतोष बढ़ रहा है।
बेरोजगारी और महंगाई को लेकर उन्होंने कहा कि नौजवान डिग्रियां लेकर घूम रहे हैं, लेकिन रोजगार के अवसर नहीं मिल रहे। भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक की घटनाओं का जिक्र करते हुए उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर सरकार अब तक इसे रोकने में क्यों नाकाम रही। उनका कहना था कि अगर पारदर्शी तरीके से परीक्षाएं कराई जाएं तो युवाओं का भरोसा मजबूत होगा। उन्होंने पूछा कि पेपर लीक मामलों में किन अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हुई है।
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि पढ़ाई, रोजगार और महंगाई जैसे मुद्दों पर युवा एकजुट हो रहे थे, जिससे सत्ता पक्ष को खतरा महसूस हुआ। इसी वजह से समाज को बांटने की कोशिशें तेज की गईं। उन्होंने नेपाल, बांग्लादेश और श्रीलंका जैसे देशों का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां युवाओं की एकजुटता ने राजनीतिक बदलाव की राह बनाई।
मतदाता सूची को लेकर भी उन्होंने गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना था कि फॉर्म-7 के जरिए वोट काटने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा और उससे जुड़ी कुछ “अदृश्य कंपनियां” इस प्रक्रिया में सक्रिय हैं, जबकि यह जिम्मेदारी पूरी तरह चुनाव आयोग की है कि हर पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में सही तरीके से दर्ज हो और किसी का वोट गलत तरीके से न हटे। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में निष्पक्ष मतदाता सूची सबसे अहम आधार है और इसमें किसी तरह की गड़बड़ी बर्दाश्त नहीं की जानी चाहिए।
संविधान का जिक्र करते हुए सपा अध्यक्ष ने कहा कि देश का संविधान सभी को बराबरी का अधिकार देता है और धर्म या जाति के आधार पर भेदभाव की अनुमति नहीं देता। उन्होंने आरोप लगाया कि संवैधानिक संस्थाओं की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हो रहे हैं, जो लोकतंत्र के लिए ठीक संकेत नहीं हैं।विकास कार्यों पर उन्होंने कहा कि समाजवादी सरकार के दौरान शुरू हुई एक्सप्रेस-वे और अन्य बुनियादी परियोजनाओं का लाभ आज भी लिया जा रहा है, लेकिन मौजूदा सरकार के कार्यकाल में जमीन पर नया विकास कम दिखता है। आगामी चुनावों को लेकर उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी अपने सहयोगियों के साथ मजबूती से मैदान में उतरेगी और युवाओं, किसानों व आम जनता के मुद्दों को प्रमुखता से उठाएगी। कार्यक्रम के दौरान पार्टी के स्थानीय पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे।